मनोज श्रीवास्तव नवागढ़
यहां पर है-
शनिवार, 30 जुलाई 2022
मच्छर पीड़ा
मेेरा दिमाग तब फिर गया,
जब एक मच्छर
मेरे सामने धड़ाम से गिर गया,
मैंने पूछा क्या हुआ,
मच्छर ने कहा- महोदय,
आजकल हम भी
परेशानी में घिर जाते हैं,
क्वाइल और अगरबत्ती की,
ऐसी आदत है,
न जले तो
बेहोश होकर गिर जाते हैं
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
नई पोस्ट
पुरानी पोस्ट
मुख्यपृष्ठ
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें