खुद को तेरी तरह ढाल रखा हूँ, तेरी दोस्ती जान की तरह सम्हाल रखा हूँ, तेरी वफा के आईने में मैंने देखा, कि अपने आस्तीन में जहरीले सांपों को पाल रखा हूँ।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें