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शुक्रवार, 8 जुलाई 2022

लाखों करोड़ों

रोज लाखों करोड़ों कमा रहा हूं, 
चल अचल सम्पत्ति जमा रहा हूं, 
और कुछ मुझे आता नहीं, 
परमार्थ से कोई नाता नहीं 
जब परलोक जाउंगा 
केवल शून्य छोड़ जाउंगा,
तब क्या कोई कहेगा, 
इसे जल्दी श्मशान मत छोड़ो, 
इसने जोड़ा है लाखों करोड़ों...

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